vijay shankar
पटना : पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाले राजमार्गो के किनारे सुविधा सम्पन्न सत्कार केन्द्र खोलने पर राज्य सरकार द्वारा 50 लाख रूपए तक की मदद के निर्णय का बिहार इण्डस्ट्रीज एसोसिएशन ने स्वागत किया है ।
राज्य में पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाले राजमार्गों के किनारे रेस्त्रां (सुविधा सम्पन्न सत्कार केन्द्र) खोलने पर राज्य सरकार द्वारा 50 लाख रूपए तक की मदद दिए जाने के निणर्य का बिहार इण्डस्ट्रीज एसोसिएशन ने स्वागत किया है। सरकार के उक्त निर्णय का स्वागत करते हुए एसोसिएशन के अध्यक्ष अरूण अग्रवाल ने कहा कि सरकार के द्वारा दिए जाने वाला प्रोत्साहन का तत्काल एवं दूरगामी प्रभाव राज्य में पर्यटन क्षेत्रों के विकास पर पड़ेगा। राज्य पर्यटन स्थलों के मामले में एक सम्पन्न राज्य है जहाँ सभी तरह के पर्यटन स्थल यथा ऐतिहासिक, धार्मिक, प्राकृतिक, सांस्कृतिक उपलब्ध हैं। लेकिन उन पर्यटन स्थलों के सही ढंग से रख-रखाव तथा मूलभूत सुविधाओं की कमी के कारण राज्य को इसका लाभ नही मिल पा रहा है। राज्य में उपलब्ध पर्यटन स्थलों को सही ढंग से विकसित किया जाए तथा आवश्यक मूलभूत सुविधाएॅ उपलब्ध कराई जाए तो पर्यटन क्षेत्र राज्य को नई पहचान दिलाने के साथ राज्य की अर्थव्यवस्था को नई ताकत दे सकता है। बिहार इण्डस्ट्रीज एसोसिएशन हमेशा पर्यटन क्षेत्र को प्रोत्साहित करने की वकालत करता रहा है। सरकार के द्वारा सुविधा सम्पन्न सत्कार केन्द्र खोलने को प्रोत्साहित करने के मद्देनजर उठाया गया कदम स्वागत योग्य है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार पर्यटन विभाग ने इसके लिए राज्य भर के 23 राजमार्गों का तत्काल चयन किया है। आशा है कि भविष्य में और नये राजमार्गों का चयन कर सत्कार केन्द्र सुविधा स्थापना को प्रोत्साहित किया जाएगा।
कंप्यूटर, लैपटॉप, अल्ट्रा स्मॉल फार्म फैक्टर कंप्यूटर, सर्वर आदि के आयात पर केन्द्र सरकार के अंकुश लगाने का बीआईए ने किया स्वागत।
केन्द्र सरकार के उस निर्णय जिसमें सुरक्षा कारणों तथा घरेलू विनिमार्ण को बढ़ावा देेने के मद्देनजर लैपटॉप, टैबलेट, ऑल-इन-वन पर्सनल कंप्यूटर, अल्ट्रा स्मॉल फार्म फैक्टर यानि यूएसएफएफ कंप्यूटर, सर्वर आदि के आयात पर अंकुश लगाए जाने का निर्णय का बिहार इण्डस्ट्रीज एसोसिएशन ने स्वागत किया है। एसोसिएशन के महासचिव गौरव साह ने सरकार के उक्त निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि मेक-इन-इंडिया कार्यक्रम को सरकार का उक्त निर्णय बल प्रदान करेगा। स्थानीय उद्योगों को विकसित होने का मौका मिलेगा और दूसरा बड़ा लाभ सुरक्षा संबंधी होगा। साईबर थ्रेट जिस तेजी से पूरे विश्व में सुनियोजित तरीके से फैल रहा है निश्चित रूप से देश के सामने अनेक तरह की सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियाँ खड़ी हुई हैं। बाहर से आयात होने वाले इलेक्ट्रॉनिक गजट भी साईबर अपराध को बढ़ावा देने तथा देश की सुरक्षा से जुड़ी कई तरह की गोपनीय डाटा को गलत हाथों तक पहुँचाने में मददगार होती हैं। ऐसे में सरकार का उक्त निर्णय सर्वथा सराहनीय है।